धान खरीदी में गड़बड़ी पर प्रशासन सख्त, बालोद में औचक निरीक्षण के दौरान कार्रवाई के निर्देश

रायपुर। समर्थन मूल्य पर धान खरीदी को पूरी तरह पारदर्शी और किसान हितैषी बनाने के लिए राज्य सरकार ने सख्त रुख अपनाया है। इसी क्रम में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के निर्देश पर बालोद जिला प्रशासन ने खरीदी केंद्रों की कड़ी जांच शुरू की।
बालोद की कलेक्टर दिव्या उमेश मिश्रा ने डौण्डीलोहरा और डौण्डी विकासखंड के कई धान खरीदी केंद्रों का आकस्मिक निरीक्षण कर दस्तावेज़ों, पंजी संधारण और खरीदी प्रक्रिया की बारीकी से समीक्षा की।
निरीक्षण के दौरान गैंजी, चिखलाकसा, कोटागांव, भर्रीटोला और घोटिया केंद्रों में अब तक खरीदे गए धान की मात्रा, ग्रामवार औसत पैदावार और रकबा समर्पण की स्थिति जांची गई। चिखलाकसा केंद्र पर तौल के समय मानक से अधिक वजन पाए जाने पर कलेक्टर ने कड़ी नाराजगी जताई और समिति प्रबंधक को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए।
रकबा समर्पण और सत्यापन पर विशेष जोर देते हुए कलेक्टर ने बड़े रकबा धारक किसानों की भी समीक्षा की। एक किसान के घर पर बड़ी मात्रा में शेष धान होने की सूचना पर संबंधित अधिकारियों की संयुक्त टीम को मौके पर भौतिक सत्यापन के लिए भेजा गया।
इसके अलावा गुणवत्ता नियंत्रण को लेकर नमी मापक यंत्र से अनिवार्य जांच, केवल साफ और गुणवत्तायुक्त धान की खरीदी तथा डबल टोकन मामलों में सख्त सत्यापन के निर्देश दिए गए। कलेक्टर ने नोडल अधिकारी और निगरानी समिति को प्रतिदिन खरीदी केंद्रों में उपस्थित रहकर व्यवस्था दुरुस्त रखने को कहा और किसानों से सीधे संवाद कर फीडबैक भी लिया।




