न्नाव रेप केस में नया ऑडियो विवाद, अदालत के फैसले से पहले फिर गरमाई बहस

उत्तर प्रदेश के बहुचर्चित उन्नाव रेप केस में एक बार फिर ऐसा मोड़ सामने आया है, जिसने पूरे मामले को नए सिरे से चर्चा में ला दिया है। दिल्ली हाईकोर्ट से लेकर सुप्रीम कोर्ट तक पहुंच चुके इस प्रकरण में अब एक कथित ऑडियो के सामने आने से बहस और तेज हो गई है। हालांकि, इस ऑडियो की प्रामाणिकता की कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है और न ही यह तय है कि बातचीत में सुनाई देने वाली आवाजें उन्हीं लोगों की हैं, जिनके नाम जोड़े जा रहे हैं।
दावे के अनुसार, ऑडियो में पीड़िता और उसके एक रिश्तेदार—जिसे चाचा बताया जा रहा है—के बीच फोन पर बातचीत सुनाई देती है। बातचीत में कथित तौर पर लड़की को अपने शरीर पर खरोंच के निशान बनाने और मेडिकल जांच के दौरान वैसा ही बयान देने के लिए उकसाए जाने की बात कही जा रही है। ऑडियो में अन्य लड़कियों का भी जिक्र है, जिनसे इसी तरह करने को कहा गया बताया जा रहा है।
यह बातचीत किस तारीख की है, इसे लेकर भी कोई आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है। लेकिन जिस तरह से ऑडियो को सिलसिलेवार तरीके से पेश किया गया है, उसने मामले की संवेदनशीलता और बढ़ा दी है।
गौरतलब है कि यह पूरा विवाद 2017 के उन्नाव रेप केस से जुड़ा है, जिसमें भाजपा के पूर्व विधायक कुलदीप सिंह सेंगर को ट्रायल कोर्ट ने दोषी ठहराते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई थी। सेंगर पिछले साढ़े सात वर्षों से जेल में हैं। ट्रायल कोर्ट के फैसले को उन्होंने दिल्ली हाईकोर्ट में चुनौती दी थी, जहां 23 दिसंबर को उनकी दोषसिद्धि पर रोक लगाते हुए जमानत दे दी गई। इसके बाद सीबीआई ने हाईकोर्ट के आदेश को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी, जिस पर शीर्ष अदालत ने रोक लगाते हुए सेंगर को नोटिस जारी किया है। मामले की अगली सुनवाई 20 जनवरी के बाद होनी है।
अब कथित ऑडियो के सामने आने के बाद सवाल उठ रहे हैं कि क्या यह नया पहलू मामले की दिशा बदलेगा या फिर अंतिम सच अदालत की गहन जांच और फैसले के बाद ही सामने आएगा।



