27वें दिन भी जारी D.Ed अभ्यर्थियों का अनशन, दीपक बैज ने दिया समर्थन, सरकार पर वादाखिलाफी का आरोप

नवा रायपुर के तूता धरना स्थल पर D.Ed अभ्यर्थियों का सब्र अब जवाब देने लगा है। सहायक शिक्षक भर्ती 2023 में नियुक्ति की मांग को लेकर चल रहा आंदोलन सोमवार को 27वें दिन में प्रवेश कर गया। 24 दिसंबर से आमरण अनशन पर बैठे अभ्यर्थियों का कहना है कि सरकार कोर्ट के आदेश और अपने ही वादों को नजरअंदाज कर रही है।
सोमवार को प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज धरना स्थल पहुंचे और अभ्यर्थियों को समर्थन दिया। बैज ने सरकार पर तीखा हमला करते हुए कहा कि चुनाव से पहले युवाओं से किए गए वादों को सत्ता में आने के बाद भुला दिया गया है। अनशन के साथ-साथ अभ्यर्थियों ने मौन व्रत रखकर भी अपना विरोध दर्ज कराया।
D.Ed अभ्यर्थी सहायक शिक्षक के रिक्त पदों पर तत्काल नियुक्ति की मांग कर रहे हैं। छत्तीसगढ़ टीचर्स एसोसिएशन भी शिक्षा विभाग से हस्तक्षेप की मांग कर चुका है, लेकिन अब तक कोई ठोस पहल नहीं हुई है। जबकि हाईकोर्ट ने 26 सितंबर 2025 को आदेश पारित कर रिक्त पदों पर जल्द भर्ती प्रक्रिया शुरू करने के निर्देश दिए थे।
यह मुद्दा विधानसभा तक पहुंच चुका है। 17 दिसंबर को शिक्षा मंत्री ने सदन में बताया था कि 2621 बीएड सहायक शिक्षकों को हटाया गया, जिनमें से 1319 पदों पर D.Ed अभ्यर्थियों की नियुक्ति हो चुकी है, जबकि 1302 पद अभी भी खाली हैं। इन पदों पर भर्ती की समय-सीमा को लेकर सरकार के पास कोई स्पष्ट जवाब नहीं है।
इसी असमंजस और देरी से नाराज होकर D.Ed अभ्यर्थी अनिश्चितकालीन आमरण अनशन पर डटे हुए हैं। उनका साफ कहना है कि जब तक सभी रिक्त पदों पर भर्ती प्रक्रिया शुरू नहीं होती, आंदोलन जारी रहेगा।




