स्पीकर के कक्ष में घुसकर हंगामे का आरोप, रिजिजू ने कांग्रेस सांसदों पर साधा निशाना

संसद के बजट सत्र के दौरान सियासी टकराव अब और तेज हो गया है। केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कांग्रेस सांसदों पर लोकसभा अध्यक्ष के साथ दुर्व्यवहार करने का गंभीर आरोप लगाया है। रिजिजू के मुताबिक, 20-25 कांग्रेस सांसद स्पीकर के कक्ष में जबरन दाखिल हुए और अभद्र भाषा का इस्तेमाल किया।
रिजिजू ने दावा किया कि उस दौरान प्रियंका गांधी वाड्रा और के. सी. वेणुगोपाल जैसे वरिष्ठ नेता भी मौजूद थे। उनका आरोप है कि ये नेता सांसदों को शांत करने के बजाय उन्हें आक्रामक रुख अपनाने के लिए प्रेरित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि सदन के अध्यक्ष के साथ ऐसा व्यवहार लोकतांत्रिक परंपराओं और संसदीय मर्यादा के खिलाफ है।
मंत्री ने यह भी कहा कि लोकसभा अध्यक्ष का स्वभाव बेहद सौम्य है, इसी कारण अब तक कोई सख्त कार्रवाई नहीं की गई है। हालांकि, उन्होंने स्पष्ट संकेत दिए कि इस तरह की घटनाओं को सामान्य नहीं माना जा सकता।
वहीं दूसरी ओर, कांग्रेस सहित विपक्षी दलों ने लोकसभा अध्यक्ष के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव का नोटिस दिया है। विपक्षी गठबंधन के 118 सांसदों ने इस प्रस्ताव को सचिवालय में जमा कराया है। प्रस्ताव पर निष्पक्ष चर्चा सुनिश्चित करने के लिए अध्यक्ष ओम बिरला ने स्वयं को कार्यवाही से अलग रखने का फैसला लिया है।
इस पूरे विवाद की जड़ राहुल गांधी को राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव के दौरान बोलने की अनुमति न दिए जाने को माना जा रहा है। विपक्ष का आरोप है कि अध्यक्ष ने पक्षपातपूर्ण रवैया अपनाया और विपक्ष की आवाज को दबाया गया।
संसद के भीतर जारी यह टकराव राजनीतिक माहौल को और गरमा रहा है, जहां सत्तापक्ष इसे विपक्ष की रणनीति बता रहा है, तो विपक्ष इसे लोकतांत्रिक अधिकारों की लड़ाई करार दे रहा है।



