छत्तीसगढ़ में एनएचएम कर्मचारियों के लिए बड़ी सौगातें, वेतन बढ़ोतरी से लेकर मेडिकल बीमा तक कई अहम फैसले

रायपुर। छत्तीसगढ़ में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) के अंतर्गत कार्यरत कर्मचारियों के लिए राहत भरी खबर सामने आई है। स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के सचिव अमित कटारिया की अध्यक्षता में राज्य स्वास्थ्य समिति की कार्यकारिणी बैठक आयोजित हुई, जिसमें एनएचएम कर्मचारी संघ की ओर से प्रस्तुत मांगों पर गहन मंथन हुआ। इस बैठक में कई महत्वपूर्ण और कर्मचारी हितैषी निर्णय लिये गए, जो आने वाले समय में स्वास्थ्य अमले का मनोबल बढ़ाने का कार्य करेंगे।
वार्षिक मूल्यांकन में पारदर्शिता होगी सुनिश्चित
बैठक की शुरुआत वार्षिक गोपनीय रिपोर्ट (सीआर) की प्रक्रिया में सुधार से हुई। अब राज्य व जिला स्तर पर मूल्यांकन प्रक्रिया में अपील की सुविधा दी जाएगी।
मिशन संचालक के अधीन पदों पर अपील का अधिकार स्वास्थ्य विभाग के भारसाधक सचिव को होगा।
वहीं कलेक्टर या सीएमएचओ के अधीन पदों पर अपील की सुनवाई मिशन संचालक द्वारा की जाएगी।
अपीलीय अधिकारी को प्रतिकूल टिप्पणी और सेवा समाप्ति जैसे आदेशों को मान्य या अमान्य करने का भी अधिकार दिया गया है।
गंभीर बीमारियों पर 30 दिन का सवैतनिक अवकाश
स्वास्थ्यकर्मियों की सुविधा को देखते हुए अब दुर्घटना या गंभीर बीमारी की स्थिति में 30 दिन का सवैतनिक मेडिकल अवकाश दिया जाएगा। यह फैसला कर्मचारियों के स्वास्थ्य और मानसिक शांति की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है।
वेतन वृद्धि को मिली मंजूरी
मुख्यमंत्री की घोषणा के अनुरूप 27 प्रतिशत वेतन वृद्धि के प्रस्ताव को सैद्धांतिक सहमति मिली है।
यह लाभ जुलाई 2023 की स्थिति में कार्यरत संविदा कर्मचारियों को मिलेगा।
1 जुलाई 2023 से 31 मार्च 2024 तक एवं वित्तीय वर्ष 2024-25 में 5 प्रतिशत अतिरिक्त वेतन वृद्धि भी दी जाएगी।
अंतिम निर्णय वित्त विभाग की सहमति के पश्चात लागू होगा।
ट्रांसफर और एचआर नीति में बदलाव
स्थानांतरण एवं मानव संसाधन नीतियों में संशोधन के लिए राज्य स्तरीय समिति गठित की जाएगी। यह समिति अन्य विभागों की नीतियों का अध्ययन कर तर्कसंगत और व्यावहारिक प्रस्ताव तैयार करेगी।
कर्मचारियों को मिलेगा 10 लाख का कैशलेस स्वास्थ्य बीमा
कर्मचारियों को अब 10 लाख रुपये तक का कैशलेस स्वास्थ्य बीमा कवर मिलेगा। यह सुविधा प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के अंतर्गत राज्य नोडल एजेंसी के माध्यम से दी जाएगी। इससे कर्मचारियों और उनके परिजनों को बड़ी राहत मिलेगी।