गणतंत्र दिवस 2026 पर कर्तव्य पथ पहुँचीं दंतेवाड़ा की लखपति दीदियाँ, आत्मनिर्भरता की बनीं राष्ट्रीय पहचान

रायपुर। ग्रामीण विकास मंत्रालय, भारत सरकार की पहल पर महिला सशक्तिकरण की सशक्त मिसाल बन चुकीं लखपति दीदियों को गणतंत्र दिवस 2026 के अवसर पर विशिष्ट अतिथि के रूप में नई दिल्ली आमंत्रित किया गया। इस गौरवपूर्ण अवसर पर छत्तीसगढ़ के दंतेवाड़ा जिले से लखपति दीदी बिम्बति नाग एवं यमुना कडि़यारी राजधानी दिल्ली पहुँचीं।
26 जनवरी 2026 को दोनों लखपति दीदियों ने कर्तव्य पथ पर आयोजित 77वें गणतंत्र दिवस समारोह में सहभागिता की और पहली बार ऐतिहासिक परेड का भव्य दृश्य देखा। यह अनुभव उनके जीवन के सबसे यादगार और प्रेरणादायी क्षणों में से एक रहा।
राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (एनआरएलएम) के अंतर्गत स्वयं सहायता समूहों से जुड़कर बिम्बति नाग और यमुना कडि़यारी ने आजीविका के क्षेत्र में उल्लेखनीय सफलता हासिल की है। दोनों दीदियाँ सालाना एक लाख रुपये से अधिक की आय अर्जित कर आत्मनिर्भर बनी हैं और ग्रामीण महिलाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत बनकर उभरी हैं।
ग्रामीण महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण, आत्मनिर्भरता और नेतृत्व क्षमता के उत्कृष्ट उदाहरण के रूप में उनका चयन किया गया। दंतेवाड़ा जिले के लिए यह उपलब्धि गर्व और सम्मान का विषय है। छत्तीसगढ़ राज्य से दंतेवाड़ा, नारायणपुर और कवर्धा जिले की कुल पाँच लखपति दीदियाँ अपने सहयोगियों के साथ इस राष्ट्रीय आयोजन में शामिल हुईं।
इस अवसर पर स्टेट नोडल के रूप में धर्मेंद्र ठाकुर, बीपीएम, जनपद पंचायत दंतेवाड़ा भी दिल्ली पहुँचे और कर्तव्य पथ परेड में सहभागिता की। जिला प्रशासन दंतेवाड़ा ने लखपति दीदियों की इस उपलब्धि पर हर्ष व्यक्त करते हुए इसे जिले में संचालित आजीविका और महिला सशक्तिकरण कार्यक्रमों की सफलता का सशक्त प्रमाण बताया। साथ ही भविष्य में महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के प्रयास लगातार जारी रखने की प्रतिबद्धता दोहराई।




