प्रधानमंत्री आवास योजना से बदली जिंदगी: बेटे ने पिता को दिया सुरक्षित पक्के घर का तोहफा

रायपुर। हर परिवार को सुरक्षित और सम्मानजनक आवास देने की सोच अब ज़मीनी हकीकत बनती दिख रही है। प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत ऐसे ही बदलाव की एक प्रेरक कहानी सामने आई है कोंडागांव जिले के नगर पंचायत फरसगांव से, जहां वार्ड क्रमांक 4 के निवासी हेमचंद नाग ने अपने पिता तिरकू राम नाग को पक्का घर भेंट कर वर्षों की परेशानी का अंत किया।
हेमचंद बताते हैं कि पहले उनका घर बांस और मिट्टी से बना था, जो बरसात आते ही जवाब दे देता था। कमजोर दीवारें, टपकती छत और हर समय गिरने का डर—इन हालात में परिवार का रहना बेहद मुश्किल हो गया था। पिता, पत्नी और दो बच्चों की सुरक्षा को लेकर चिंता इतनी बढ़ गई कि मजबूरी में पिता को कुछ समय के लिए भाई के घर भेजना पड़ा।
राज्य सरकार द्वारा प्रधानमंत्री आवास योजना के प्रभावी क्रियान्वयन के दौरान वार्ड स्तर पर मिली जानकारी ने हेमचंद के लिए उम्मीद की नई राह खोली। नगर पंचायत और अधिकारियों की सक्रियता से उनका आवास स्वीकृत हुआ। इसके बाद 29 वर्गमीटर का पक्का मकान 3.05 लाख रुपये की लागत से बनकर तैयार हुआ।
गृह प्रवेश के दिन का दृश्य भावुक कर देने वाला था। हेमचंद ने सबसे पहले पिता के हाथों पूजा करवाई और पूरे सम्मान के साथ नया घर उन्हें सौंप दिया। पक्के मकान की दहलीज पर कदम रखते ही पिता की आंखें नम हो गईं—यह सिर्फ एक घर नहीं, बल्कि सुरक्षित भविष्य का सपना था।
हेमचंद का कहना है कि सरकार की यह पहल केवल योजना भर नहीं, बल्कि आम लोगों को आत्मविश्वास और सम्मान के साथ जीने का अवसर दे रही है। उन्होंने इस सहयोग के लिए पार्षद, मुख्य नगर पालिका अधिकारी और नगर पंचायत के कर्मचारियों के प्रति आभार जताया।



