छत्तीसगढ़ न्यूज़ | Fourth Eye News

गणेश चतुर्थी के शुभ अवसर पर ITI कर्मचारी संघ ने मंत्री गुरु खुशवंत साहेब को भेंट की गणेश प्रतिमा, कर्मचारियों की समस्याएं भी रखीं सामने

रायपुर। गणेश चतुर्थी के पावन पर्व पर छत्तीसगढ़ आईटीआई कर्मचारी अधिकारी संघ एवं छत्तीसगढ़ तृतीय वर्ग शासकीय कर्मचारी संघ ने संयुक्त रूप से राज्य के नव नियुक्त विभागीय मंत्री माननीय गुरु खुशवंत साहेब से सौजन्य भेंट कर उन्हें सोल, श्रीफल और भगवान गणेश की प्रतिमा भेंट कर उनका सम्मान किया। इस अवसर पर मंत्री को न केवल बधाइयाँ दी गईं, बल्कि कर्मचारियों की ज्वलंत समस्याओं से भी अवगत कराया गया।

भेंट के दौरान संघ के पदाधिकारियों ने मंत्रीजी को बताया कि विभाग में कई कर्मचारी ऐसे हैं जिन्होंने 12 वर्षों से अधिक सेवा देने के बावजूद अभी तक परिवीक्षा अवधि पूरी होने की औपचारिकता पूरी नहीं की गई है। इसके चलते न सिर्फ उन्हें पदोन्नति से वंचित रखा गया है, बल्कि समयमान वेतन लाभ भी नहीं मिल पा रहा है।

इतना ही नहीं, वर्ष 2021 से 2025 तक के तृतीय एवं चतुर्थ श्रेणी के कर्मचारियों का ग्रेडेशन सूची आज तक जारी नहीं हुई है, जिससे हजारों कर्मचारियों में असंतोष व्याप्त है।

संघ ने मंत्री महोदय से इन समस्याओं का शीघ्र निराकरण सुनिश्चित करने की मांग की है।

इसके अतिरिक्त संघ प्रतिनिधिमंडल ने माननीय नवीन मार्कण्डेय जी से भी भेंट की और उन्हें प्रदेश महामंत्री नियुक्त होने पर बधाई दी। साथ ही, विभागीय मुद्दों को उनके संज्ञान में लाया।

इस महत्वपूर्ण अवसर पर संघ के कई वरिष्ठ पदाधिकारी एवं सक्रिय सदस्य बड़ी संख्या में उपस्थित रहे, जिनमें प्रमुख रूप से:

संतोष कुमार वर्मा – संयोजक, कर्मचारी अधिकारी फेडरेशन नवा रायपुर

उमेश मुदलियार – प्रांतीय महामंत्री, पेंशनर्स संघ

जागेश्वर सिन्हा – संयुक्त सचिव, आईटीआई कर्मचारी अधिकारी संघ

गजेंद्र साहू – रायपुर संभाग अध्यक्ष

केवल वर्मा – दुर्ग संभाग अध्यक्ष

रामचंद तांडी – जिला अध्यक्ष, छ.ग. तृतीय वर्ग कर्मचारी संघ

पीताम्बर पटेल, रमेश साहू, जागृति दीवान, गुमान साहू, कौशल साहू, पूजा वाजपेयी, रमेश पैकरा, जुवेल लकड़ा, योगेश सिदार, महेंद्र ध्रुव, मोहन देवांगन, ज्योत्सना सहारे, सीता पूरी समेत कई अन्य सक्रिय सदस्य उपस्थित थे।

यह मुलाकात एक ओर जहाँ संघ की एकजुटता और सक्रियता को दर्शाती है, वहीं विभागीय कर्मचारियों की समस्याओं को उच्च स्तर पर उठाने की प्रतिबद्धता का प्रमाण भी है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button