टी20 वर्ल्ड कप 2026 से पहले क्रिकेट में घमासान: भारत से टकराव पर बांग्लादेश ने दिखाई नाराज़गी, ICC ने दी सख्त चेतावनी

टी20 वर्ल्ड कप 2026 की उलटी गिनती शुरू होने से पहले ही अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में सियासी और खेलीय तनाव खुलकर सामने आ गया है। फरवरी से भारत और श्रीलंका की मेज़बानी में होने वाले इस मेगा टूर्नामेंट को लेकर जहां आईसीसी ने शेड्यूल जारी कर दिया है, वहीं बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड (BCB) ने बड़ा विवाद खड़ा कर दिया है।
दरअसल, भारत और बांग्लादेश के बीच मौजूदा तनाव का असर अब क्रिकेट पर भी दिखने लगा है। इसी बीच बीसीसीआई ने बांग्लादेश के स्टार तेज गेंदबाज मुस्तफिजुर रहमान को आईपीएल से रिलीज करने का फैसला लिया। 16 दिसंबर को हुए ऑक्शन में कोलकाता नाइट राइडर्स ने मुस्तफिजुर को 9.20 करोड़ रुपये में खरीदा था, लेकिन अब उन्हें टीम से बाहर कर दिया गया है।
इस फैसले से बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड आग-बबूला हो गया। पहले बांग्लादेश सरकार ने अपने देश में आईपीएल के प्रसारण पर रोक लगाने का ऐलान किया। इसके बाद BCB ने आईसीसी से मांग कर दी कि टी20 वर्ल्ड कप 2026 में भारत में होने वाले बांग्लादेश के सभी मुकाबले श्रीलंका शिफ्ट किए जाएं।
हालांकि आईसीसी ने इस मांग को सिरे से खारिज कर दिया है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, आईसीसी ने साफ चेतावनी दी है कि अगर बांग्लादेश ने टूर्नामेंट से हटने या भारत में मैच खेलने से इनकार किया, तो उस पर सख्त कार्रवाई की जा सकती है।
आईसीसी के नियम इतिहास में पहले भी ऐसे हालात देख चुके हैं। 1996 वर्ल्ड कप के दौरान ऑस्ट्रेलिया और वेस्टइंडीज ने सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए श्रीलंका में खेलने से मना कर दिया था। उस फैसले का खामियाजा दोनों टीमों को भुगतना पड़ा और श्रीलंका को वाकओवर के जरिए सीधे अंक मिल गए। इसी का फायदा उठाकर श्रीलंका ने बिना खेले क्वार्टर फाइनल में जगह बनाई और अंततः वर्ल्ड कप भी अपने नाम किया।
अगर बांग्लादेश भी इसी राह पर चलता है और भारत में होने वाले मैचों से पीछे हटता है, तो उन्हें भी वही नुकसान झेलना पड़ सकता है। आईसीसी नियमों के मुताबिक, बांग्लादेश के विरोधी टीम को वाकओवर के तहत विजेता घोषित कर दिया जाएगा।
अब सवाल यही है कि बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड टकराव की राह चुनता है या क्रिकेट को राजनीति से ऊपर रखकर मैदान में उतरता है। आने वाले दिनों में BCB का फैसला टूर्नामेंट की दिशा तय करेगा।



