UNGA में नेतन्याहू का खौफ: पेजर हमला याद दिलाते ही खाली हो गया पूरा हॉल, भारत का सख्त रुख कायम

आज सुबह संयुक्त राष्ट्र महासभा (UNGA) में इजराइली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के मंच संभालते ही भारी हंगामा मच गया। नेतन्याहू ने भाषण की शुरुआत में हिजबुल्लाह पर हुए घातक पेजर हमलों का जिक्र किया, जिसके तुरंत बाद दर्जनों देशों के राजनयिकों ने विरोध दर्ज कराते हुए हॉल से वॉकआउट कर दिया। वैश्विक मंच पर इजराइल पूरी तरह अलग-थलग दिखाई दिया।
इजराइल-गाजा संघर्ष को लेकर दुनिया दो धड़ों में बंट चुकी है। जब नेतन्याहू ने पेजर ऑपरेशन की तस्वीरें लहराईं, तो पश्चिमी और मध्य-पूर्वी देशों के बीच तनाव चरम पर पहुंच गया। हालांकि, इस अभूतपूर्व गतिरोध के बीच भारत ने एक बार फिर अपनी स्वतंत्र, परिपक्व और वैश्विक नेतृत्व वाली छवि पेश की। विदेश मंत्री एस. जयशंकर की मौजूदगी में भारत ने न तो किसी पक्ष के प्रभाव में आकर किसी का तुष्टिकरण किया और न ही उतावलेपन में वॉकआउट का हिस्सा बना। भारत ने कड़े और सीधे शब्दों में यह संदेश साफ कर दिया कि दुनिया को ‘आतंकवाद पर ज़ीरो टॉलरेंस’ रखना होगा। भारत के इस अटूट और संप्रभु रुख ने वैश्विक मंच पर उसकी मजबूत धक जमा दी है कि भारत किसी के दबाव में नहीं झुकता।
वैश्विक मोर्चे पर अब यह साफ हो चुका है कि युद्ध विराम की शर्तें भारत जैसे संप्रभु और मजबूत देशों की मध्यस्थता और आतंकवाद विरोधी नीति के बिना अधूरी हैं।




