धान खरीदी बनी राहत की बारिश, किसान बोले– मेहनत का मिला सही सम्मान

रायपुर। प्रदेश में 15 नवंबर से शुरू हुए धान खरीदी तिहार ने किसानों के चेहरों पर मुस्कान ला दी है। कबीरधाम जिले के ग्राम खिरसाली के किसान खेम सिंह पटेल के लिए यह सीजन आर्थिक राहत लेकर आया है। सुगम प्रक्रिया और पारदर्शी व्यवस्था के चलते किसानों को अब खरीदी केंद्रों में घंटों इंतज़ार या दौड़-धूप नहीं करनी पड़ रही।
खेम बताते हैं कि ऑनलाइन टोकन सिस्टम ने पूरे सिस्टम को आसान बना दिया है। वे कहते हैं— “अब न भीड़, न तनाव… समय पर पहुंचो और आराम से धान बेचो।” उन्होंने 86.40 क्विंटल धान बेचकर अपनी मेहनत की सही कीमत पाई।
सरकार द्वारा प्रति एकड़ 21 क्विंटल समर्थन मूल्य खरीदी और 3100 रुपये प्रति क्विंटल की दर ने उनकी आय में बड़ी मजबूती दी है। करीब 5 एकड़ भूमि से प्राप्त आय ने उनके लिए आर्थिक सुरक्षा की नई राह खोली है।
खेम बताते हैं कि पिछले वर्ष उन्होंने अपने परिवार—माता-पिता, पत्नी और दो बच्चों—के लिए नया पक्का घर बनवाया था, जिसका कुछ कर्ज अब तक लंबित था। समय पर भुगतान मिलते ही अब वे सबसे पहले उस कर्ज को समाप्त करने जा रहे हैं।
किसानों के मुताबिक, सीधे बैंक खाते में राशि का त्वरित भुगतान और सही मूल्य मिलने से उनकी मेहनत का सम्मान हो रहा है और विश्वास बढ़ रहा है।
उनका कहना है— “अब लगता है कि शासन की व्यवस्था सिर्फ कागजों में नहीं, जमीन पर भी किसानों के लिए काम कर रही है।”




