रायपुर में दुर्लभ छाती के कैंसर पर जीत, जटिल सर्जरी से 29 वर्षीय मरीज को मिला नया जीवन

रायपुर स्थित डॉ. भीमराव अम्बेडकर स्मृति चिकित्सालय के कैंसर सर्जरी विभाग ने चिकित्सा क्षेत्र में एक और बड़ी कामयाबी दर्ज की है। पं. जवाहरलाल नेहरू स्मृति चिकित्सा महाविद्यालय से संबद्ध इस अस्पताल में डॉक्टरों की टीम ने छाती के अत्यंत दुर्लभ और जटिल कैंसर मेडियास्टाइनल जर्म सेल ट्यूमर का सफल ऑपरेशन कर 29 वर्षीय युवक की जान बचाई।
मरीज छाती में गांठ, सांस लेने में परेशानी और लगातार दर्द की शिकायत लेकर अस्पताल पहुंचा था। जांच में पता चला कि छाती के बीचों-बीच स्थित गांठ का आकार काफी बड़ा था और वह हृदय के पास मौजूद प्रमुख रक्त नलियों से चिपकी हुई थी, जिससे सर्जरी अत्यधिक जोखिम भरी मानी जा रही थी।
पहले चरण में मरीज को कीमोथेरेपी दी गई, जिससे ट्यूमर का आकार काफी हद तक कम हो गया। इसके बाद सभी जांच रिपोर्टों और विशेषज्ञों से परामर्श के बाद सर्जरी का निर्णय लिया गया। करीब 3 से 4 घंटे तक चली इस जटिल प्रक्रिया में डॉक्टरों ने गांठ को बाएं फेफड़े के एक हिस्से सहित पूरी सावधानी और कुशलता से निकाल दिया।
ऑपरेशन पूरी तरह सफल रहा और कुछ दिनों के उपचार के बाद मरीज को स्वस्थ अवस्था में अस्पताल से छुट्टी दे दी गई। फिलहाल वह नियमित फॉलोअप के लिए चिकित्सालय आ रहा है।
डॉक्टरों के अनुसार, मेडियास्टाइनल जर्म सेल ट्यूमर एक दुर्लभ कैंसर है, जो आमतौर पर 20 से 40 वर्ष की उम्र के पुरुषों में पाया जाता है। समय पर पहचान और सही इलाज होने पर इस कैंसर में पांच साल की सर्वाइवल दर 90 प्रतिशत से भी अधिक रहती है।




