भारत में पेट्रोल-डीजल कीमतें स्थिर, लेकिन कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों से चिंता

वैश्विक स्तर पर कच्चे तेल की कीमतों में तेजी के बावजूद भारत में 8 जून 2026 को पेट्रोल और डीजल की कीमतों में कोई बदलाव नहीं किया गया। दिल्ली, मुंबई, कोलकाता और चेन्नई सहित प्रमुख शहरों में ईंधन दरें स्थिर रहीं।
हालांकि विशेषज्ञों का कहना है कि मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव के कारण अंतरराष्ट्रीय बाजार में तेल की कीमतें लगातार ऊपर जा सकती हैं। यदि यह स्थिति लंबे समय तक बनी रहती है तो भारत सहित कई तेल आयातक देशों पर अतिरिक्त आर्थिक दबाव पड़ सकता है।
भारत अपनी जरूरत का बड़ा हिस्सा आयात करता है, इसलिए वैश्विक बाजार में होने वाला हर उतार-चढ़ाव सीधे तौर पर देश की अर्थव्यवस्था को प्रभावित करता है। परिवहन लागत बढ़ने से महंगाई पर भी असर पड़ सकता है।
सरकार वैकल्पिक ईंधन को बढ़ावा देने के लिए इथेनॉल मिश्रित ईंधन जैसे E85 को प्रोत्साहित कर रही है। इससे आयातित तेल पर निर्भरता कम करने में मदद मिलने की उम्मीद है।
अर्थशास्त्रियों का मानना है कि आने वाले कुछ सप्ताह ऊर्जा बाजार के लिए महत्वपूर्ण साबित हो सकते हैं। यदि मिडिल ईस्ट संकट और गहराता है तो तेल कीमतों में और वृद्धि संभव है।


