सूरजपुर वृद्धाश्रम में मानसिक स्वास्थ्य शिविर, वरिष्ठ नागरिकों को मिला निःशुल्क परीक्षण और उपचार

छत्तीसगढ़ सरकार वरिष्ठ नागरिकों के स्वास्थ्य और सम्मानजनक जीवन को बेहतर बनाने के लिए लगातार प्रयास कर रही है। इसी कड़ी में राष्ट्रीय मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम (एनएमएचपी) के तहत सूरजपुर स्थित छत्तीसगढ़ शबरी सेवा संस्थान (वृद्धाश्रम) में विशेष मानसिक स्वास्थ्य शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में वृद्धजनों को निःशुल्क मानसिक स्वास्थ्य परीक्षण, विशेषज्ञ परामर्श, उपचार और आवश्यक दवाइयों की सुविधा उपलब्ध कराई गई।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. के.डी. पैकरा के निर्देशन में आयोजित इस शिविर का संचालन एनएमएचपी के नोडल अधिकारी डॉ. राजेश पैकरा और जिला कार्यक्रम प्रबंधक संदीप नामदेव के मार्गदर्शन में किया गया। मनोरोग विशेषज्ञ डॉ. अंकित शर्मा, क्लिनिकल साइकोलॉजिस्ट सचिन मातुरकर तथा सीनियर नर्सिंग ऑफिसर नंदकिशोर वर्मा ने वरिष्ठ नागरिकों के मानसिक स्वास्थ्य का विस्तृत परीक्षण किया।
शिविर के दौरान अवसाद, तनाव, चिंता, अनिद्रा, भूलने की बीमारी (डिमेंशिया) और स्वस्थ वृद्धावस्था जैसे विषयों पर जागरूकता प्रदान की गई। विशेषज्ञों ने प्रत्येक वरिष्ठ नागरिक से व्यक्तिगत बातचीत कर उनकी मानसिक और भावनात्मक समस्याओं को समझा तथा सकारात्मक सोच, नियमित दिनचर्या और सामाजिक गतिविधियों में सक्रिय भागीदारी के लिए प्रेरित किया।
जिन हितग्राहियों को आवश्यकता थी, उन्हें मौके पर ही दवाइयों का वितरण किया गया और आगे के उपचार एवं नियमित फॉलो-अप के लिए आवश्यक परामर्श भी दिया गया। इस पहल का उद्देश्य वरिष्ठ नागरिकों तक गुणवत्तापूर्ण, सुलभ और संवेदनशील मानसिक स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाकर उनके जीवन की गुणवत्ता में सुधार करना है।
वृद्धाश्रम में रहने वाले वरिष्ठ नागरिकों ने इस शिविर की सराहना करते हुए कहा कि मानसिक स्वास्थ्य पर विशेष ध्यान दिए जाने से उन्हें भावनात्मक संबल और आत्मविश्वास मिला है। वहीं, वृद्धाश्रम प्रबंधन ने जिला मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम की टीम के प्रति आभार व्यक्त किया।




