अमेरिका-ईरान तनाव का दुनिया पर असर, तेल 90 डॉलर के पार और ग्लोबल बाजारों में बिकवाली

मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव का असर अब पूरी दुनिया की अर्थव्यवस्था पर दिखाई देने लगा है। 1 सितंबर को तेल की कीमतों में तेजी आई, जबकि शेयर और बॉन्ड बाजारों पर दबाव बढ़ गया। ऊर्जा कीमतों में उछाल ने महंगाई को लेकर नई चिंता पैदा कर दी है।
अमेरिका और ईरान के बीच बढ़े तनाव के बाद तेल बाजार में तेजी देखी गई। अमेरिकी सैन्य कार्रवाई और मध्य पूर्व में संभावित व्यापक संघर्ष की आशंका ने निवेशकों की चिंता बढ़ा दी।
जानकारी के अनुसार, वैश्विक बॉन्ड बाजारों में बिकवाली तेज हुई और कई प्रमुख देशों में बॉन्ड यील्ड बढ़ी। बढ़ती ऊर्जा कीमतों से वैश्विक महंगाई दोबारा तेज होने का खतरा पैदा हुआ है।
एपी की रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिकी कार्रवाई के बाद तेल की कीमतों में तेजी आई और अमेरिकी शेयर बाजारों पर दबाव देखा गया। ऊर्जा आपूर्ति में किसी भी बड़े व्यवधान की आशंका दुनिया भर की अर्थव्यवस्थाओं के लिए चुनौती बन सकती है।
अमेरिका-ईरान तनाव अब केवल सैन्य और कूटनीतिक मुद्दा नहीं रहा। इसका सीधा असर तेल, महंगाई, शेयर बाजार और वैश्विक अर्थव्यवस्था पर पड़ रहा है। आने वाले दिनों में मध्य पूर्व की स्थिति पर पूरी दुनिया की नजर रहेगी।




