रायपुर में गणित पढ़ाने का बदला अंदाज, शिक्षकों को मिली ‘फियर टू फैसिनेशन’ की ट्रेनिंग

रायपुर के छत्तीसगढ़ रीजनल साइंस सेंटर में मंगलवार को ‘द आर्ट ऑफ टीचिंग मैथेमैटिक्स: फ्रॉम फियर टू फैसिनेशन’ विषय पर विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। प्रशिक्षण का मकसद शिक्षकों को गणित पढ़ाने की ऐसी नवीन, गतिविधि-आधारित और रचनात्मक तकनीकों से रूबरू कराना रहा, जिनसे विद्यार्थियों के लिए गणित कठिन विषय के बजाय रोचक और आनंददायक बन सके।
प्रमुख सचिव विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग सोनमणि बोरा और छत्तीसगढ़ विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी परिषद के महानिदेशक प्रशांत कविश्वर के मार्गदर्शन में हुए इस कार्यक्रम में गणित को केवल किताबों, सूत्रों और गणनाओं तक सीमित न रखने पर जोर दिया गया। विशेषज्ञों ने गणित को दैनिक जीवन, अनुभव, गतिविधियों और रचनात्मकता से जोड़कर पढ़ाने के तरीकों पर चर्चा की।
कार्यक्रम के विशेषज्ञ इंजीनियर, ऑल इंडिया रामानुजन सोसाइटी के निदेशक और रामानुजन टैलेंट सर्च फाउंडेशन, बेंगलुरु के मैथ्स कोच बी. एन. राव ने शिक्षकों को विभिन्न गतिविधि-आधारित और नवाचारपूर्ण शिक्षण विधियों का प्रशिक्षण दिया। उन्होंने व्यावहारिक उदाहरणों और गतिविधियों के जरिए कठिन गणितीय अवधारणाओं को सरल तरीके से समझाने की तकनीकें प्रदर्शित कीं।
प्रशिक्षण के दौरान शिक्षकों ने खुद विभिन्न गतिविधियों में हिस्सा लिया और समझा कि प्रयोगात्मक तरीकों से विद्यार्थियों की जिज्ञासा, सक्रिय सहभागिता और तार्किक सोच को कैसे बढ़ाया जा सकता है।
कार्यक्रम में रायपुर के चार विकासखंडों के शिक्षकों ने ऑफलाइन हिस्सा लिया, जबकि पूरे जिले के शिक्षकों के लिए ऑनलाइन प्रसारण की व्यवस्था की गई। इंटरैक्टिव सत्र में प्रश्नोत्तर, छोटे प्रयोग और रचनात्मक अभ्यासों के माध्यम से गणित को आसान और रुचिकर बनाने के उपायों पर संवाद हुआ।
शिक्षकों ने नई तकनीकों और शिक्षण दृष्टिकोणों को अपने-अपने कक्षाओं में लागू करने के तरीकों को भी समझा। कार्यक्रम में शिक्षकों की सक्रिय और उत्साहपूर्ण सहभागिता रही। अब इसी क्रम में 23 सितंबर को बी.एड. विद्यार्थियों के लिए भी विशेष प्रशिक्षण आयोजित किया जाएगा।




