माना कैंप पहुंचे राज्यपाल रमेन डेका, दिव्यांगजनों को बांटी ट्राईसाइकिल; पुनर्वास केंद्र और गेट लैब की सुविधाओं का लिया जायजा

रायपुर। राज्यपाल रमेन डेका ने बुधवार को माना कैंप स्थित समाज कल्याण विभाग के फिजिकल रेफरल रिहैबिलिटेशन सेंटर, सेरेब्रल पाल्सी गेट लैब और दिव्यांगजनों के लिए संचालित महाविद्यालय का निरीक्षण कर वहां उपलब्ध सुविधाओं का अवलोकन किया। इस दौरान उन्होंने दिव्यांगजनों को ट्राईसाइकिल वितरित कर उनका उत्साहवर्धन किया तथा पुनर्वास केंद्र परिसर में वृक्षारोपण भी किया।
निरीक्षण के दौरान राज्यपाल ने केंद्र में स्थापित आधुनिक चिकित्सा एवं पुनर्वास सुविधाओं की जानकारी ली। अधिकारियों ने उन्हें बताया कि यहां इंटरफेरेंशियल थेरेपी यूनिट, शॉर्ट वेव डायथर्मी, माइक्रो मोशन सिस्टम, गेट लैब, अल्ट्रासाउंड थेरेपी, गेट ट्रेनर, आइसोकाइनेटिक यूनिट, ट्रैक्शन यूनिट, मोटामेड और मसल्स स्टिम्युलेटर जैसे अत्याधुनिक उपकरण उपलब्ध हैं। इन तकनीकों का उपयोग दिव्यांगजनों के उपचार, प्रशिक्षण और पुनर्वास के लिए किया जा रहा है।
राज्यपाल ने दिव्यांग विद्यार्थियों के लिए संचालित महाविद्यालय का भी दौरा किया। महाविद्यालय में वर्तमान में 140 दृष्टिबाधित, मूक एवं बधिर विद्यार्थी अध्ययनरत हैं। यहां विद्यार्थी ब्रेल लिपि सहित विभिन्न माध्यमों से शिक्षा प्राप्त कर रहे हैं। विद्यार्थियों द्वारा तैयार हस्तशिल्प सामग्री, ड्राइंग और पेंटिंग का अवलोकन कर राज्यपाल ने उनकी रचनात्मकता और प्रतिभा की सराहना की। उन्होंने विद्यार्थियों को जीवन में आगे बढ़ने और अपनी क्षमताओं को निखारने के लिए प्रेरित किया।
इसके बाद राज्यपाल ने कृत्रिम अंग एवं सहायक उपकरण निर्माण कार्यशाला का निरीक्षण किया। उन्होंने वहां संचालित विभिन्न इकाइयों की कार्यप्रणाली को समझा और दिव्यांगजनों को उपलब्ध कराई जा रही सेवाओं की जानकारी प्राप्त की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि पुनर्वास एवं सहायक उपकरणों की सुविधाओं का लाभ अधिक से अधिक जरूरतमंद लोगों तक पहुंचाया जाए।
राज्यपाल ने केंद्र में उपलब्ध चिकित्सा, शिक्षा और पुनर्वास सेवाओं की सराहना करते हुए कहा कि दिव्यांगजनों को आत्मनिर्भर बनाने के लिए इस प्रकार की संस्थाएं महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। इस अवसर पर समाज कल्याण विभाग के संचालक रणवीर शर्मा सहित विभाग के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।




