इंद्रदेव का तांडव: 15 राज्यों में 70 की रफ्तार से तबाही का अलर्ट, सिस्टम की खुली पोल!

मौसम विभाग ने आज देश के 15 राज्यों में अगले 10 घंटों के भीतर तूफानी बारिश और आंधी का खतरनाक ‘रेड अलर्ट’ जारी किया है। 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चलने वाली ये हवाएं सिर्फ पेड़ों को नहीं, बल्कि देश के बुनियादी ढांचे और सरकारी दावों की धज्जियां उड़ाने आ रही हैं। दिल्ली, यूपी और बिहार जैसे बड़े राज्यों में प्रशासन की ‘तैयारियों’ का जनाजा हर साल पहली ही बारिश में निकल जाता है, और इस बार भी हालात अलग नहीं दिख रहे हैं। दिल्ली के मिंटो ब्रिज से लेकर मुंबई की सड़कों तक, हर जगह पानी भरने का डर आम जनता को सता रहा है, जबकि नेता एसी कमरों में बैठकर ‘फ्लड कंट्रोल’ की खोखली बैठकें कर रहे हैं।
जब भी आसमान से पानी बरसता है, देश की ड्रेनेज व्यवस्था पूरी तरह से घुटने टेक देती है। पिछले कुछ हफ्तों में जिस तरह से हवाई अड्डों की छतें गिरीं और नए बने पुल ताश के पत्तों की तरह ढह गए, उसने साफ कर दिया है कि देश में विकास के नाम पर सिर्फ भ्रष्टाचार की कंक्रीट बिछाई जा रही है। जनता टैक्स के रूप में अपनी मेहनत की कमाई पानी की तरह बहा रही है, और बदले में उसे मिलता है सड़कों पर तैरता हुआ गटर का पानी। इस तूफानी अलर्ट के बीच, क्या सरकारें सिर्फ चेतावनी जारी करके अपनी जिम्मेदारी से पल्ला झाड़ लेंगी या जमीन पर उतरकर कोई ठोस काम भी होगा? यह तूफान सिर्फ मौसम का नहीं, बल्कि आम जनता के सब्र का इम्तिहान लेने आ रहा है।




