जमीन घोटाले के आरोपों पर गरमाई सियासत, कांग्रेस का बड़ा प्रदर्शन

23 जून 2026 को छत्तीसगढ़ की राजनीति एक बार फिर भूमि विवाद के मुद्दे पर गरमा गई। पूर्व मुख्यमंत्री Bhupesh Baghel के नेतृत्व में कांग्रेस कार्यकर्ताओं और ग्रामीणों ने तिल्दा-नेवरा क्षेत्र में कथित फर्जी एनओसी और सरकारी जमीन पर कब्जे के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि कुछ प्रभावशाली लोगों द्वारा नियमों को दरकिनार कर सरकारी और ग्रामीण जमीनों का अवैध हस्तांतरण किया गया है।
प्रदर्शन के दौरान बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने प्रशासन से निष्पक्ष जांच की मांग की। कांग्रेस नेताओं का कहना है कि यदि आरोप सही पाए जाते हैं तो दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। वहीं प्रशासन ने मामले की जांच का भरोसा दिया है।
इस मुद्दे ने प्रदेश की राजनीति में नया विवाद खड़ा कर दिया है। विपक्ष सरकार पर कार्रवाई में देरी का आरोप लगा रहा है, जबकि सत्तापक्ष का कहना है कि कानून अपना काम कर रहा है और किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि पंचायत और नगरीय निकाय चुनावों से पहले भूमि संबंधी विवाद जनता के बीच बड़ा मुद्दा बन सकते हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में जमीन और राजस्व मामलों को लेकर पहले से ही संवेदनशीलता बनी हुई है। ऐसे में यह मामला आने वाले दिनों में और अधिक राजनीतिक रंग ले सकता है।
प्रदेश में विकास और निवेश की चर्चा के बीच भूमि विवादों का उभरना सरकार के लिए चुनौती माना जा रहा है। कांग्रेस इस मुद्दे को जनता के बीच ले जाने की तैयारी कर रही है, जबकि प्रशासनिक स्तर पर जांच प्रक्रिया को तेज करने की बात कही जा रही है।


