बंगाल में ‘200 पार’ से हिली राजनीति क्या ममता का किला सच में ढह गया
बंगाल में सत्ता पलट क्या खत्म हुआ ममता राज

4 मई 2026 को घोषित विधानसभा चुनाव परिणामों में पश्चिम बंगाल की राजनीति में बड़ा उलटफेर देखने को मिला। शुरुआती रुझानों में भारतीय जनता पार्टी ने स्पष्ट बढ़त बनाते हुए बहुमत का आंकड़ा पार कर लिया। रिपोर्ट्स के अनुसार बीजेपी 200 से अधिक सीटों पर बढ़त बनाए हुए थी, जबकि ममता बनर्जी की तृणमूल कांग्रेस काफी पीछे रह गई। यह परिणाम इसलिए भी चौंकाने वाला माना जा रहा है क्योंकि पश्चिम बंगाल लंबे समय से बीजेपी के लिए चुनौतीपूर्ण राज्य रहा है।
इस चुनाव में मुख्य मुकाबला बीजेपी और टीएमसी के बीच था, लेकिन वोटर लिस्ट संशोधन को लेकर पहले से ही विवाद बना हुआ था। रिपोर्ट्स में बताया गया कि लगभग 89 लाख मतदाताओं को सूची से हटाया गया, जो कुल मतदाताओं का करीब 11.6 प्रतिशत था। यह आंकड़ा 2021 में टीएमसी की जीत के अंतर से भी अधिक बताया गया।
चुनाव परिणामों को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व के लिए बड़ी राजनीतिक बढ़त माना जा रहा है। विश्लेषकों के अनुसार यह जीत 2029 लोकसभा चुनावों की दिशा तय कर सकती है। वहीं विपक्षी INDIA गठबंधन के लिए यह एक बड़ा झटका माना जा रहा है।



