हर गांव में महिलाओं के लिए बनेगा “महतारी सदन”, स्वावलंबन और सशक्तिकरण की ओर बड़ा कदम

रायपुर। गांव की महिलाओं को आत्मनिर्भर और स्वावलंबी बनाने की दिशा में सरकार एक अहम कदम उठा रही है। प्रदेश के हर ग्राम पंचायत में “महतारी सदन” बनाया जाएगा, जहां महिलाएं एकजुट होकर सामूहिक गतिविधियों, प्रशिक्षण और रोजगार से जुड़ी योजनाओं में हिस्सा ले सकेंगी।
उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा के निर्देश पर इस योजना की शुरुआत हो चुकी है। पहले चरण में प्रदेश के हर विकासखंड में महतारी सदनों का निर्माण शुरू किया गया है। इस योजना के तहत अगले 5 वर्षों में सभी ग्राम पंचायतों में ऐसे सदन बनाए जाएंगे।
अब तक 368 महतारी सदनों की मंजूरी दी जा चुकी है, जिनमें से हाल ही में 166 के लिए 49 करोड़ 80 लाख रुपये स्वीकृत किए गए हैं। हर महतारी सदन पर लगभग 30 लाख रुपये खर्च किए जाएंगे।
उपमुख्यमंत्री का कहना है कि “न्यू इंडिया” की विकास यात्रा में महिलाओं की भूमिका लगातार बढ़ रही है। महतारी सदन उन्हें एक ऐसा मंच देगा जहां वे न केवल मिल बैठ सकेंगी, बल्कि रोजगार, प्रशिक्षण और आपसी सहयोग के जरिए आगे बढ़ सकेंगी।
महिलाओं की मांग पर बनी यह योजना गांवों में उनके लिए एक स्थायी स्थान उपलब्ध कराएगी। सदन में कमरा, हॉल, बरामदा, रसोईघर, स्टोर रूम, शौचालय, और पेयजल के लिए ट्यूबवेल के साथ वॉटर हार्वेस्टिंग की सुविधा होगी। महिलाओं की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए बाउंड्रीवाल और सामुदायिक शौचालय भी बनाए जाएंगे।
सरकार का यह प्रयास ग्रामीण महिलाओं को एक नई पहचान देने की दिशा में मील का पत्थर साबित हो सकता है।