होर्मुज जलडमरूमध्य में बारूद की गंध: अमेरिकी CENTCOM का ईरान पर भीषण हवाई हमला, जंग के मुहाने पर दुनिया!

पिछले 24 घंटों के भीतर मध्य पूर्व में युद्ध की लपटें एक बार फिर चरम पर पहुंच गई हैं। अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने ईरान के कई सैन्य ठिकानों, हवाई रक्षा प्रणालियों और तटीय रडार केंद्रों पर ताबड़तोड़ मिसाइलें बरसाई हैं। अमेरिका का यह आक्रामक एक्शन मंगलवार को ईरान द्वारा होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) से गुजर रहे तीन वाणिज्यिक जहाजों और एक कतरी एलएनजी टैंकर पर किए गए हमलों के जवाब में आया है। अमेरिकी रक्षा मंत्रालय ने साफ कर दिया है कि ईरान ने युद्धविराम के समझौतों की धज्जियां उड़ाई हैं, जिसका अंजाम उसे भुगतना ही होगा। अमेरिकी हमलों के बाद ईरान के केश्म द्वीप (Qeshm Island), सीरिक और बंदर अब्बास जैसे रणनीतिक शहरों में जोरदार धमाकों की गूंज सुनी गई है।
इस ताजा टकराव ने पिछले कुछ महीनों से चल रहे अस्थाई संघर्षविराम को पूरी तरह से तार-तार कर दिया है। ईरानी विदेश मंत्रालय ने इस अमेरिकी कार्रवाई को अपनी संप्रभुता पर सीधा हमला बताते हुए चेतावनी दी है कि वह इसका “करारा और निर्णायक जवाब” देगा। तेहरान की सड़कों पर लाखों की भीड़ उमड़ रही है, जो अमेरिका और इजरायल के खिलाफ जवाबी कार्रवाई की मांग कर रही है। सैन्य विश्लेषकों का मानना है कि यदि अगले कुछ घंटों में दोनों पक्षों की तरफ से संयम नहीं बरता गया, तो यह टकराव एक बड़े क्षेत्रीय युद्ध में बदल सकता है, जिससे वैश्विक तेल आपूर्ति पूरी तरह ठप होने का खतरा पैदा हो गया है। अमेरिका ने होर्मुज के रास्ते को सुरक्षित करने के लिए अपनी नौसेना को ‘फ्री हैंड’ दे दिया है, जिससे ईरान की घेराबंदी मजबूत हो गई है।




