छत्तीसगढ़ न्यूज़ | Fourth Eye News

एमसीबी में वन महोत्सव: पौधरोपण के साथ तेंदूपत्ता बोनस वितरित, मेडिकल कॉलेज इसी साल शुरू करने का लक्ष्य

एमसीबी जिले के परसगढ़ी स्थित निर्माणाधीन मेडिकल कॉलेज परिसर में शुक्रवार को आयोजित वन महोत्सव-2026 के दौरान पर्यावरण संरक्षण और विकास का अनूठा संदेश दिया गया। “एक पेड़ माँ के नाम” अभियान के तहत स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने पौधरोपण कर हरियाली बढ़ाने का आह्वान किया। इस दौरान तेंदूपत्ता संग्राहकों को वर्ष 2023 का बोनस चेक वितरित किया गया और “तुहर पौधा तुहर द्वार” योजना के तहत आम नागरिकों को निःशुल्क पौधे उपलब्ध कराने के लिए विशेष वाहन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया।

कार्यक्रम की शुरुआत छत्तीसगढ़ महतारी के छायाचित्र पर दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुई। इसके बाद जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों और नागरिकों ने चंदन, मौलश्री, अशोक और आंवला सहित विभिन्न प्रजातियों के पौधे लगाकर पर्यावरण संरक्षण का सामूहिक संकल्प लिया।

स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आह्वान पर चल रहे “एक पेड़ माँ के नाम” अभियान को जन आंदोलन का रूप देने की जरूरत है। उन्होंने प्रत्येक परिवार से कम से कम एक पौधा लगाकर उसकी देखभाल करने की अपील की। उनका कहना था कि वृक्ष केवल पर्यावरण ही नहीं बचाते, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के सुरक्षित भविष्य की नींव भी रखते हैं।

इस अवसर पर उन्होंने घोषणा की कि परसगढ़ी में बन रहा मेडिकल कॉलेज इसी वर्ष शुरू करने का लक्ष्य रखा गया है। अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस यह संस्थान एमसीबी जिले के साथ सरगुजा संभाग, छत्तीसगढ़ के अन्य जिलों और मध्यप्रदेश के सीमावर्ती क्षेत्रों के विद्यार्थियों व मरीजों के लिए भी महत्वपूर्ण केंद्र बनेगा। उन्होंने गोंडवाना मरीन फॉसिल्स पार्क और बेहतर रेल कनेक्टिविटी का उल्लेख करते हुए इसे जिले की नई पहचान बताया।

वन विभाग ने जानकारी दी कि वन महोत्सव-2026 के तहत जिले में 16 लाख पौधे लगाए जाएंगे, जबकि 2 लाख पौधे “तुहर पौधा तुहर द्वार” योजना के माध्यम से निःशुल्क वितरित किए जाएंगे। विभाग ने नागरिकों से पौधरोपण के बाद फोटो व्हाट्सएप पर भेजने की अपील भी की, ताकि बेहतर संरक्षण करने वालों को सम्मानित किया जा सके।

कार्यक्रम के दौरान 11 लघु वनोपज सहकारी समितियों को तेंदूपत्ता बोनस चेक भी सौंपे गए। साथ ही मेडिकल कॉलेज, नर्सिंग कॉलेज, फिजियोथेरेपी कॉलेज, डायलिसिस सेंटर, 220 बिस्तरों वाले अस्पताल, पुल निर्माण और सड़क परियोजनाओं सहित जिले में चल रहे विभिन्न विकास कार्यों की जानकारी भी साझा की गई।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button