गरियाबंद में अवैध रेत कारोबार पर सख्ती के निर्देश, समीक्षा बैठक में विकास कार्यों की प्रगति पर जताई गंभीरता

गरियाबंद जिले में अवैध रेत उत्खनन और गौण खनिजों के अवैध कारोबार पर अब प्रशासन और अधिक सख्ती बरतेगा। खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री तथा जिले के प्रभारी मंत्री दयालदास बघेल ने कलेक्टर सभाकक्ष में आयोजित जिला स्तरीय समीक्षा बैठक के दौरान अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि रेत, मुरुम, पत्थर सहित सभी गौण खनिजों के अवैध उत्खनन, परिवहन और भंडारण के खिलाफ लगातार कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। उन्होंने नियमित जांच अभियान चलाने और दोषियों पर कड़ी कार्रवाई करने पर जोर दिया।
बैठक में राजस्व विभाग के कार्यों की समीक्षा करते हुए मंत्री ने खाता विभाजन, नामांतरण, सीमांकन, बंदोबस्त त्रुटि सुधार, न्यायालयीन प्रकरण और डायवर्सन से जुड़े मामलों का समय-सीमा के भीतर गुणवत्तापूर्ण निराकरण करने के निर्देश दिए। लंबित एनओसी प्रकरणों को भी बिना अनावश्यक देरी के निपटाने को कहा गया।
ग्रामीण विकास विभाग की समीक्षा के दौरान प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) और मुख्यमंत्री आवास योजना के तहत स्वीकृत आवासों को जल्द पूरा कराने पर विशेष जोर दिया गया। भूमिहीन परिवारों के आवासों की प्रगति की नियमित निगरानी और व्यक्तिगत शौचालयों का शत-प्रतिशत निर्माण सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए।
महिला स्व-सहायता समूहों को आर्थिक रूप से मजबूत बनाने के उद्देश्य से राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत अधिक से अधिक महिलाओं को ‘लखपति दीदी’ बनाने के लिए ब्लॉक स्तर पर बड़े कार्यक्रम आयोजित करने की बात कही गई। बैंकों के सहयोग से महिलाओं को स्वरोजगार के लिए ऋण उपलब्ध कराने, हस्तशिल्प, मसाला प्रसंस्करण, मुर्गी पालन, बकरी पालन, मशरूम उत्पादन जैसी गतिविधियों को बढ़ावा देने तथा इनके उत्पादों के लिए बाजार उपलब्ध कराने के निर्देश भी दिए गए।
बैठक में यह भी कहा गया कि जिला, ब्लॉक और पंचायत स्तर पर आयोजित सभी शासकीय कार्यक्रमों की जानकारी जनप्रतिनिधियों को समय पर दी जाए तथा विभागीय सामग्री वितरण में भी उनकी सहभागिता सुनिश्चित की जाए। लोक निर्माण विभाग को निर्माणाधीन सड़क, भवन और अन्य अधोसंरचना परियोजनाओं को गुणवत्ता के साथ तय समय-सीमा में पूरा करने के निर्देश दिए गए।
बैठक में राजिम विधायक रोहित साहू, कलेक्टर बीएस उइके, पुलिस अधीक्षक वेदव्रत सिरमौर, वनमंडलाधिकारी शशिगानंदन के, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी प्रखर चंद्राकर सहित विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।




