छत्तीसगढ़ के राजनांदगांव में गायों के कटे सिर मिलने के मामले ने पूरे इलाके में हड़कंप मचा दिया है। गौरी नगर में सामने आई इस घटना के बाद लोगों में भारी आक्रोश देखने को मिला। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी अब्दुल अलीम उर्फ कनवा समेत कुल 11 लोगों को गिरफ्तार किया है। इनमें आरोपी की पत्नी और नाबालिग बेटी भी शामिल हैं। पुलिस ने गौ-मांस की खरीद-बिक्री और उसे ठिकाने लगाने में सहयोग करने के आरोप में अन्य लोगों को भी गिरफ्तार किया है।
पुलिस के मुताबिक, मुख्य आरोपी अब्दुल अलीम मूल रूप से नागपुर का रहने वाला है और पिछले कुछ समय से गौरी नगर में किराए के मकान में रह रहा था। पूछताछ में सामने आया कि आरोपी कथित तौर पर आधी रात को घूमने वाले मवेशियों को निशाना बनाता था। वह मवेशियों को तालाब की ओर ले गया, जहां गाय को हलाल करने के बाद उसके शरीर के हिस्से घर लाए गए। इसके बाद मांस के छोटे-छोटे टुकड़े करने में उसकी पत्नी अंजुम बेगम और नाबालिग बेटी ने भी सहयोग किया।
घटना का खुलासा तब हुआ, जब गौरी नगर में दो अलग-अलग स्थानों पर गायों के कटे सिर मिले। इस घटना के बाद हिंदू संगठनों ने विरोध प्रदर्शन किया और आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग उठाई।
मामले में पुलिस ने आरोपियों का जुलूस भी निकाला। वहीं, कोर्ट से बाहर निकलने के दौरान आक्रोशित लोगों ने कुछ आरोपियों के साथ मारपीट की और उन पर स्याही फेंकी। इस घटनाक्रम ने मामले को और गरमा दिया।
रविवार दोपहर बड़ी संख्या में वार्डवासी एकत्रित हुए और आरोपी के कथित अवैध अतिक्रमण पर बुलडोजर चलाने की मांग की। पुलिस के अनुसार, अवैध अतिक्रमण की सूचना मिलने के बाद नगर निगम की टीम ने मौके पर पहुंचकर अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की।
फिलहाल कोतवाली थाना क्षेत्र का यह मामला पूरे राजनांदगांव में चर्चा का विषय बना हुआ है। पुलिस मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की जांच कर रही है।






