छत्तीसगढ़ की बेटी संजू देवी को 50 लाख का सम्मान, कबड्डी में रचा इतिहास

रायपुर। कबड्डी के मैदान में अपने दमदार प्रदर्शन से देश को गौरवान्वित करने वाली संजू देवी को राज्य शासन ने बड़ी सौगात दी है। खेल एवं युवा कल्याण विभाग की ओर से उन्हें 50 लाख रुपए की प्रोत्साहन राशि देकर सम्मानित किया गया। यह छत्तीसगढ़ में किसी खिलाड़ी को दी गई अब तक की सबसे बड़ी प्रोत्साहन राशि मानी जा रही है।
नवा रायपुर में आयोजित सम्मान समारोह में उप मुख्यमंत्री एवं खेल मंत्री अरुण साव ने यह राशि प्रदान की। इस अवसर पर बिलासपुर के चिंगराजपारा कबड्डी क्लब को कबड्डी मैट भी भेंट किया गया, जिससे स्थानीय खिलाड़ियों को बेहतर सुविधाएं मिल सकें।
संजू देवी ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपने प्रदर्शन से खास पहचान बनाई है। बांग्लादेश में आयोजित कबड्डी विश्वकप में उन्हें मोस्ट वैल्यूएबल प्लेयर चुना गया था। फाइनल मुकाबले में भारत के लिए 35 में से 16 अंक अकेले हासिल कर उन्होंने जीत में निर्णायक भूमिका निभाई। सेमीफाइनल समेत पूरे टूर्नामेंट में उनका प्रदर्शन शानदार रहा।
यही नहीं, ईरान में आयोजित एशियन कबड्डी चैंपियनशिप में भी उन्होंने भारत को स्वर्ण दिलाने में अहम योगदान दिया। वे राज्य की पहली महिला खिलाड़ी हैं, जिन्होंने अंतरराष्ट्रीय कबड्डी में देश का प्रतिनिधित्व करते हुए दो बड़े खिताब दिलाए।
कोरबा जिले के छोटे से गांव केराकछार से निकलकर अंतरराष्ट्रीय मंच तक पहुंचने वाली 23 वर्षीय संजू की कहानी संघर्ष और मेहनत की मिसाल है। श्रमिक परिवार से आने वाली संजू ने कठिन परिस्थितियों के बावजूद अपने जुनून और अनुशासन के दम पर यह मुकाम हासिल किया।
सरकार का कहना है कि ऐसे प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को आगे बढ़ाने और खासकर बेटियों को खेलों में प्रोत्साहित करने के लिए इस तरह के कदम उठाए जा रहे हैं। संजू की उपलब्धियां आने वाली पीढ़ी के खिलाड़ियों के लिए प्रेरणा बन रही हैं।




