अंबिकापुर में योग की गूंज, मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने दिया स्वस्थ जीवन का मंत्र

रायपुर। अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर अंबिकापुर के पीजी कॉलेज मैदान में आयोजित राज्य स्तरीय सामूहिक योगाभ्यास कार्यक्रम में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने हजारों नागरिकों, विद्यार्थियों, महिलाओं, युवाओं, जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों के साथ योग किया। इस दौरान उन्होंने प्रदेशवासियों को योग दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि योग भारत की प्राचीन ऋषि परंपरा की अमूल्य धरोहर है, जिसने पूरी दुनिया को स्वस्थ और संतुलित जीवन की राह दिखाई है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि योग सिर्फ शरीर को स्वस्थ रखने का माध्यम नहीं, बल्कि मन और आत्मा को संतुलित करने वाली जीवनशैली है। योग व्यक्ति में आत्मविश्वास, अनुशासन और सकारात्मक ऊर्जा का संचार करता है। उन्होंने इस वर्ष की थीम “स्वस्थ आयु के लिए योग” को वर्तमान समय की जरूरत बताते हुए कहा कि तनावपूर्ण और व्यस्त जीवनशैली के दौर में योग हर उम्र के लोगों के लिए स्वास्थ्य सुरक्षा का सबसे आसान उपाय बन गया है।
उन्होंने कहा कि नियमित योगाभ्यास से व्यक्ति शारीरिक रूप से सक्रिय, मानसिक रूप से मजबूत और भावनात्मक रूप से संतुलित रहता है। स्वस्थ व्यक्ति ही स्वस्थ समाज और विकसित राष्ट्र की नींव रखता है, इसलिए योग को केवल एक दिन के कार्यक्रम तक सीमित नहीं रखना चाहिए, बल्कि इसे दैनिक जीवन का हिस्सा बनाना चाहिए।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के प्रयासों से योग को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान मिली है। आज दुनिया के अनेक देशों में 21 जून को उत्साह के साथ अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस मनाया जा रहा है, जो भारत की सांस्कृतिक विरासत और वैश्विक प्रभाव का प्रतीक है।
उन्होंने कहा कि योग मधुमेह, उच्च रक्तचाप, तनाव, अनिद्रा और मोटापे जैसी जीवनशैली से जुड़ी समस्याओं से बचाव में सहायक है। आधुनिक चिकित्सा विज्ञान भी योग के महत्व को स्वीकार कर रहा है। मुख्यमंत्री ने महर्षि पतंजलि, आदियोगी भगवान शिव और श्रीमद्भगवद्गीता में वर्णित योग के संदेश का उल्लेख करते हुए कहा कि योग भारतीय संस्कृति और आध्यात्मिक चेतना का अभिन्न हिस्सा रहा है।




