चैतन्य बघेल की दिवाली जेल में, न्यायिक हिरासत 29 अक्टूबर तक बढ़ी

रायपुर। छत्तीसगढ़ के बहुचर्चित शराब घोटाले और मनी लॉन्ड्रिंग केस में पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के बेटे चैतन्य बघेल को अब दिवाली भी जेल में ही बितानी पड़ेगी। रायपुर की स्पेशल कोर्ट ने उनकी ज्यूडिशियल कस्टडी 14 दिन और बढ़ाकर 29 अक्टूबर तक कर दी है।
18 जुलाई 2025 से जेल में बंद चैतन्य पर आरोप है कि उन्हें शराब घोटाले से ₹16.70 करोड़ की अवैध रकम मिली, जिसे उन्होंने रियल एस्टेट प्रोजेक्ट्स में इन्वेस्ट कर व्हाइट मनी में बदलने की कोशिश की।
ईडी (ED) का दावा है कि बघेल डेवलपर्स के ‘विट्ठल ग्रीन प्रोजेक्ट’ में फर्जी निवेश दिखाकर करोड़ों की हेराफेरी की गई। साथ ही 5 करोड़ के नकद लेन-देन, फर्जी लोन, और कर्मचारियों के नाम पर फ्लैट की खरीद जैसे कई ट्रांजेक्शन्स से ब्लैक मनी को लीगल किया गया।
EOW और ED के अनुसार ये सब एक पूर्व-नियोजित योजना का हिस्सा था, जिसका मकसद अवैध पैसों को वैध दिखाकर सिस्टम को धोखा देना था।
इस मामले में जांच अभी और गहराने की संभावना है, और कई और नाम जल्द सामने आ सकते हैं।




