70 हजार पुलिसकर्मियों का हक डकार गया सिस्टम? हेडक्वाटर में अटकी फाइल पर भड़का जवानों का गुस्सा!

दिन-रात जनता की सुरक्षा में मुस्तैद रहने वाले जवानों के हक पर जब सिस्टम की लालफीताशाही कुंडली मारकर बैठ जाए, तो आक्रोश का भड़कना लाजिमी है। छत्तीसगढ़ के पुलिस महकमे में अंदर ही अंदर सुलग रही गुस्से की चिंगारी आज सुबह पूरी तरह भड़क उठी है। खाकी वर्दी पहनने वाले हजारों जवानों का करोड़ों रुपया सरकारी फाइलों के अंबार में दबा पड़ा है।
छत्तीसगढ़ के करीब 70 हजार पुलिसकर्मियों का पांच हजार रुपये का विशेष भत्ता पिछले लंबे समय से अटका हुआ है। चौंकाने वाली बात यह है कि यह पूरा प्रस्ताव पुलिस हेडक्वाटर (PHQ) में लंबित पड़ा है। अफसरों की लापरवाही और फाइलों को आगे न बढ़ाने की सुस्ती के कारण उन जवानों की जेब खाली है, जो त्योहारों से लेकर नक्सली मोर्चों तक अपनी जान हथेली पर रखकर ड्यूटी करते हैं।
निचले स्तर के पुलिसकर्मियों में इस बात को लेकर भारी असंतोष है कि जब काम चौबीस घंटे का लिया जाता है, तो उनके जायज भत्ते पर डाका क्यों डाला जा रहा है? अगर यह फाइल जल्द पास नहीं हुई, तो विभाग के भीतर अनुशासन की दीवारें दरक सकती हैं।
ये खबर भी पढ़ें—:




