युद्ध पर लगाम: अमेरिका-ईरान में ‘स्टैंड डाउन’ समझौता, भारत बना वैश्विक शांति का आधार!

मिसाइलों की गूंज और ड्रोन हमलों के बीच आज 29 जून को एक बड़ी राहत भरी खबर आई है—अमेरिका और ईरान के बीच हमला न करने (Stand Down) पर अंतिम समय में सहमति बन गई है। दोनों पक्षों ने सभी ‘काइनेटिक एक्टिविटी’ यानी सैन्य हमलों को तुरंत रोकने का फैसला किया है। यह समझौता भारत के लिए एक बड़ी जीत है क्योंकि पश्चिम एशिया में अस्थिरता का सीधा असर हमारी अर्थव्यवस्था और वहां रहने वाले लाखों भारतीयों पर पड़ता है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस शांति समझौते का स्वागत करते हुए इसे क्षेत्र में स्थिरता और ‘फ्रीडम ऑफ नेविगेशन’ के लिए अनिवार्य बताया है। जैसे ही हमलों के रुकने की खबर आई, भारतीय शेयर बाजार में निवेशकों का भरोसा लौटा और सेंसेक्स-निफ्टी में मजबूती देखी गई। अब मंगलवार, 30 जून को दोहा (कतर) में दोनों देशों के बीच उच्च-स्तरीय तकनीकी बातचीत होगी, जिसमें होर्मुज जलडमरूमध्य के स्थायी समाधान पर चर्चा की जाएगी। भारत की मध्यस्थता और संतुलित रुख ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि वह दुनिया में शांति स्थापित करने वाली एकमात्र विश्वसनीय शक्ति है।




