ईरान का पलटवार: ‘फुल स्केल वार’ का ऐलान, कुवैत में अमेरिकी HIMARS बेस को मिसाइल से उड़ाया!

अमेरिकी बमबारी से तिलमिलाए ईरान ने आधिकारिक रूप से अमेरिका के खिलाफ ‘पूर्ण युद्ध’ (Full-Scale War) का ऐलान कर दिया है। 21 जुलाई की देर रात ईरानी राष्ट्रपति मसूद पेज़ेश्कियन ने राष्ट्र के नाम कड़ा संदेश जारी करते हुए कहा कि ईरान अब अमेरिका की किसी दादागिरी को बर्दाश्त नहीं करेगा और देश इस सर्वांगीण युद्ध के हर परिणाम का डटकर मुकाबला करने के लिए तैयार है। पेज़ेश्कियन के इस बयान के चंद घंटों के भीतर ही इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) और ईरानी थलसेना ने ऑपरेशन ‘थंडरबोल्ट’ के तहत खाड़ी देशों में स्थित अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर बैलिस्टिक मिसाइलों और सुसाइड ड्रोन की झड़ी लगा दी।
ईरानी सेना के जनसंपर्क विभाग और सरकारी समाचार एजेंसी IRNA के मुताबिक, ईरान ने कुवैत में स्थित अमेरिकी सैन्य अड्डे ‘कैंप आरिफजान’ (Camp Arifjan) को निशाना बनाया। ईरान की सतह से सतह पर मार करने वाली घातक मिसाइलों ने अमेरिका के अत्याधुनिक HIMARS (हाई मोबिलिटी आर्टिलरी रॉकेट सिस्टम) को सीधे हिट करके ध्वस्त कर दिया। तेहरान का दावा है कि इस हमले से अमेरिकी सेना की रक्षात्मक और आक्रामक क्षमता को करारा झटका लगा है।
सिर्फ कुवैत ही नहीं, ईरान ने जॉर्डन और बहरीन में तैनात अमेरिकी 5वें बेड़े (5th Fleet) के ठिकानों पर भी मिसाइलें दागी हैं। खाड़ी के तनावपूर्ण मुहाने पर ईरान ने दो तेल टैंकरों पर हमले कर उन्हें पूरी तरह से पंगु बना दिया। ईरान के सर्वोच्च सैन्य कमान ‘खातेम अल-अंबिया’ ने अमेरिका और उसके सहयोगियों को सीधी चेतावनी दी है कि यदि उनके परमाणु ठिकानों पर जरा सी भी आंच आई, तो पूरे मध्य पूर्व में फैले अमेरिकी हितों और उनके साझेदारों को राख का ढेर बना दिया जाएगा।
ईरान की इस आक्रामक प्रतिक्रिया ने साबित कर दिया है कि अमेरिकी हमलों की लगातार बौछार के बावजूद तेहरान झुकने को तैयार नहीं है। खाड़ी क्षेत्र अब एक भयंकर महायुद्ध की आग में झुलस रहा है, जहां अमेरिकी मिसाइलों के जवाब में ईरानी बारूद तबाही मचा रहा है।



