मिनीमाता महतारी जतन योजना बनी श्रमिक माताओं का सहारा, नागेश्वरी को मिली 20 हजार की प्रसूति सहायता

मातृत्व के नए सफर में आर्थिक परेशानियां कई परिवारों के लिए चुनौती बन जाती हैं, लेकिन राज्य शासन की मिनीमाता महतारी जतन योजना पंजीकृत महिला श्रमिकों के लिए राहत और सहयोग का माध्यम बन रही है। मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी जिले के ग्राम पीपरखार की निवासी नागेश्वरी चंद्रवंशी इसकी मिसाल हैं।
बैंक खाते में सीधे पहुंची सहायता राशि
नागेश्वरी चंद्रवंशी छत्तीसगढ़ भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण मंडल में पंजीकृत श्रमिक हैं। शिशु जन्म के बाद उन्हें मिनीमाता महतारी जतन योजना के तहत 20 हजार रुपए की एकमुश्त प्रसूति सहायता राशि सीधे बैंक खाते में प्राप्त हुई। इस आर्थिक मदद से नवजात की देखभाल और अन्य जरूरी खर्चों में परिवार को राहत मिली।
बच्चे की परवरिश और भविष्य में बनी मददगार
नागेश्वरी ने बताया कि प्राप्त राशि का उपयोग बच्चे के पालन-पोषण, स्वास्थ्य संबंधी जरूरतों और भविष्य के लिए बचत में किया गया। इस सहायता से परिवार का आर्थिक दबाव कम हुआ और बच्चे की बेहतर देखभाल करने में सहयोग मिला।
उन्होंने मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में संचालित इस योजना के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह योजना श्रमिक परिवारों की माताओं को आर्थिक सुरक्षा और आत्मविश्वास प्रदान कर रही है।
गौरतलब है कि मिनीमाता महतारी जतन योजना का उद्देश्य पंजीकृत महिला श्रमिकों को प्रसव के समय आर्थिक सहायता उपलब्ध कराकर मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य को बढ़ावा देना है। योजना के तहत पात्र हितग्राहियों को 20 हजार रुपए की एकमुश्त सहायता राशि प्रदान की जाती है।




