ट्रंप की खुली हुंकार, सुलग उठा होर्मुज: अमेरिकी नौसेना की नाकेबंदी से घुटनों पर आया ईरान, तबाही की आखरी रात शुरू!

अमेरिका और ईरान के बीच चल रही जंग ने पिछले 24 घंटों में सबसे भीषण और भयानक मोड़ ले लिया है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के सीधे आदेश के बाद, अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने मंगलवार शाम ठीक 4 बजे से ईरान के सभी बंदरगाहों की पूर्ण नौसैनिक नाकेबंदी शुरू कर दी है। इस ऐतिहासिक घेराबंदी में अमेरिका ने होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) और मध्य पूर्व के समंदर में अपने 20 से अधिक महाविनाशक युद्धपोत और सैकड़ों लड़ाकू विमान तैनात कर दिए हैं।
ट्रंप ने ईरान को सीधे शब्दों में चेतावनी दी है कि यदि वह बातचीत की मेज पर नहीं आया, तो आज रात का हमला इतना जोरदार होगा कि ईरान के सारे पावर प्लांट और पुल मलबे में तब्दील हो जाएंगे। अमेरिका ने साफ कर दिया है कि होर्मुज का रास्ता पूरी दुनिया के व्यापार के लिए खुला रहेगा, लेकिन ईरान का एक भी जहाज यहां से गुजर नहीं पाएगा। इस भीषण नाकेबंदी के जवाब में ईरान भी पूरी तरह बौखला गया है। ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड्स कोर (IRGC) ने धमकी दी है कि अगर अमेरिका की यह ‘दुष्ट हरकत’ बंद नहीं हुई, तो वे पूरे मिडिल ईस्ट से तेल और गैस की एक बूंद भी बाहर नहीं जाने देंगे।
नाकेबंदी लागू होते ही अमेरिकी सेना ने ईरान के बंदर अब्बास, सीरिक और केश्म द्वीप पर चौतरफा हवाई हमले शुरू कर दिए हैं, जिससे पूरा इलाका धमाकों से दहल उठा है। यह लगातार चौथी रात है जब अमेरिकी मिसाइलें ईरान के सैन्य ठिकानों को नेस्तनाबूद कर रही हैं।



