गनियारी पहुंचे शिक्षा मंत्री गजेन्द्र यादव, डॉ. तीजन बाई के परिजनों से मिलकर दी सांत्वना, श्रद्धांजलि कार्यक्रम की तैयारियों का लिया जायजा

प्रदेश के स्कूल शिक्षा मंत्री गजेन्द्र यादव पंडवानी की महान लोकगायिका और पद्म विभूषण सम्मानित स्वर्गीय डॉ. तीजन बाई के गृहग्राम गनियारी पहुंचे। उन्होंने दिवंगत कलाकार के परिजनों से मुलाकात कर गहरी संवेदनाएं व्यक्त कीं और इस कठिन समय में परिवार को सांत्वना दी।
दौरे के दौरान शिक्षा मंत्री ने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के निर्देशानुसार 14 जुलाई को आयोजित होने वाले दशगात्र एवं श्रद्धांजलि कार्यक्रम की तैयारियों की समीक्षा की। इस संबंध में उन्होंने परिवारजनों और जिला प्रशासन के अधिकारियों के साथ विस्तृत चर्चा कर कार्यक्रम को गरिमापूर्ण और सुव्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के लिए आवश्यक व्यवस्थाओं पर विचार-विमर्श किया।
गजेन्द्र यादव ने कहा कि डॉ. तीजन बाई का निधन केवल उनके परिवार के लिए ही नहीं, बल्कि पूरे छत्तीसगढ़ और देश की सांस्कृतिक धरोहर के लिए अपूरणीय क्षति है। उन्होंने अपनी अद्वितीय पंडवानी गायन शैली से छत्तीसगढ़ की लोककला को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान दिलाई। उनका जीवन और कला आने वाली पीढ़ियों के लिए हमेशा प्रेरणा का स्रोत बने रहेंगे।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि श्रद्धांजलि कार्यक्रम में बड़ी संख्या में आने वाले कलाकारों, प्रशंसकों और आम नागरिकों को ध्यान में रखते हुए बैठक, भोजन, आवागमन और अन्य सभी व्यवस्थाएं बेहतर ढंग से सुनिश्चित की जाएं। मंत्री ने परिवार से आवश्यकताओं की जानकारी भी ली और भरोसा दिलाया कि राज्य सरकार हर स्तर पर पूरा सहयोग प्रदान करेगी।
इस अवसर पर महापौर निर्मल कोसरे, कलेक्टर, पुलिस अधीक्षक, जिला प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी तथा बड़ी संख्या में ग्रामवासी उपस्थित रहे।




