छत्तीसगढ़ में सुशासन तिहार पर सवाल या जनता को मिला असली इंसाफ

20 मई 2026 को छत्तीसगढ़ में सुशासन तिहार 2026 के तहत विभिन्न जिलों में जनसमस्या निवारण शिविर आयोजित किए गए। राज्य सरकार के अनुसार इन शिविरों का उद्देश्य आम नागरिकों की शिकायतों का त्वरित निराकरण करना और सरकारी योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के निर्देश पर प्रशासनिक अमला गांव-गांव पहुंचकर आवेदन प्राप्त कर रहा है और मौके पर ही समाधान देने का दावा किया जा रहा है।
सरकारी जानकारी के मुताबिक शिविरों में राशन कार्ड, पेंशन, आवास, बिजली, पानी, सड़क, राजस्व और सामाजिक सुरक्षा से जुड़े मामलों का निपटारा प्राथमिकता से किया जा रहा है। अधिकारियों को लंबित मामलों की समीक्षा कर तत्काल निर्णय लेने के निर्देश दिए गए हैं। कई जिलों से बड़ी संख्या में लोगों के शामिल होने की खबरें सामने आई हैं। प्रशासन का कहना है कि इससे जनता और शासन के बीच सीधा संवाद मजबूत हुआ है।
यह अभियान राज्य सरकार की प्रमुख जनसंपर्क पहल के रूप में देखा जा रहा है। अधिकारियों का दावा है कि सुशासन तिहार के माध्यम से शिकायतों के निपटारे की प्रक्रिया तेज हुई है और योजनाओं की जमीनी स्थिति की समीक्षा भी हो रही है। आने वाले दिनों में और शिविर आयोजित किए जाएंगे।




