सिंह संक्रांति 2026: सूर्य का स्वराशि सिंह में प्रवेश, इन उपायों से चमकेगा भाग्य

(Fourth Eye News): जब सूर्य देव कर्क राशि से निकलकर सिंह राशि में प्रवेश करते हैं, तो इस खगोलीय और धार्मिक घटना को ‘सिंह संक्रांति’ कहा जाता है। ज्योतिषशास्त्र में सूर्य को ग्रहों का राजा और आत्मा का कारक माना गया है।
सिंह राशि में सूर्य गोचर का महत्व
सिंह राशि सूर्य देव की अपनी स्वराशि है। जब सूर्य अपनी स्वराशि में होते हैं, तो उनका प्रभाव अत्यंत सकारात्मक और प्रभावशाली माना जाता है। इससे मान-सम्मान, नेतृत्व क्षमता और आरोग्यता में वृद्धि होती है।
सिंह संक्रांति के दिन करें ये उपाय
सूर्य अर्घ्य: प्रातः काल तांबे के पात्र में जल, लाल चंदन, अक्षत और रोली मिलाकर सूर्य देव को ‘ॐ सूर्याय नमः’ मंत्र के साथ अर्घ्य दें।
घी का सेवन: पौराणिक मान्यताओं के अनुसार इस दिन भोजन में देसी घी का प्रयोग करना शुभ फलदाई होता है।
दान-पुण्य: गेहूं, तांबा और लाल वस्त्रों का दान करने से कुंडली में सूर्य ग्रह मजबूत होता है।



