G-7 शिखर सम्मेलन में भारत का बढ़ा कद, पीएम मोदी ने दुनिया के बड़े नेताओं से की अहम चर्चा

फ्रांस के एवियन-ले-बैंस में आयोजित G-7 शिखर सम्मेलन 2026 में भारत की भूमिका एक बार फिर वैश्विक मंच पर मजबूत दिखाई दी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अमेरिका, ब्रिटेन और कनाडा समेत कई देशों के शीर्ष नेताओं के साथ द्विपक्षीय बैठकें कीं। इन बैठकों में व्यापार, तकनीक, ऊर्जा सुरक्षा, रक्षा सहयोग और वैश्विक चुनौतियों पर विस्तृत चर्चा हुई।
-7 भले ही दुनिया की सात बड़ी अर्थव्यवस्थाओं का समूह हो, लेकिन भारत को लगातार इसमें आमंत्रित किया जाना देश की बढ़ती अंतरराष्ट्रीय ताकत को दर्शाता है। इस बार सम्मेलन में पश्चिम एशिया का तनाव, रूस-यूक्रेन युद्ध, वैश्विक व्यापार और सप्लाई चेन जैसे मुद्दे प्रमुख एजेंडे में शामिल रहे।
प्रधानमंत्री मोदी की ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर और कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी के साथ हुई बैठक को खास माना जा रहा है।
दोनों देशों के साथ व्यापारिक और रणनीतिक संबंधों को आगे बढ़ाने पर जोर दिया गया। भारत ने वैश्विक दक्षिण की आवाज को भी मजबूती से उठाया और विकासशील देशों की चिंताओं को दुनिया के सामने रखा।
विशेषज्ञों के अनुसार, बदलती विश्व व्यवस्था में भारत एक महत्वपूर्ण शक्ति के रूप में उभर रहा है। आर्थिक विकास, डिजिटल क्रांति और बढ़ती रणनीतिक क्षमता के कारण दुनिया की बड़ी शक्तियां भारत के साथ अपने संबंधों को और मजबूत करना चाहती हैं।
G-7 सम्मेलन में भारत की सक्रिय भागीदारी यह संकेत देती है कि आने वाले वर्षों में वैश्विक निर्णयों और नीतियों में भारत की भूमिका और अधिक महत्वपूर्ण होने वाली है।




