छत्तीसगढ़ की राजनीति में शोक की लहर, भाजपा विधायक डोमनलाल कोर्सेवाड़ा का निधन

Wave of grief in Chhattisgarh politics; BJP MLA Domanlal Korsewada passes away
आर्टिकल अच्छा लगे तो शेयर करें

छत्तीसगढ़ की राजनीति को बड़ा झटका लगा है। अहिवारा विधानसभा क्षेत्र से भाजपा विधायक डोमनलाल कोर्सेवाड़ा का निधन हो गया है। पिछले कुछ दिनों से वे गंभीर रूप से अस्वस्थ थे और फेफड़ों की बीमारी से जूझ रहे थे। उनका हैदराबाद के यशोदा अस्पताल में इलाज चल रहा था। उनके निधन की खबर सामने आते ही अहिवारा सहित दुर्ग-भिलाई और पूरे प्रदेश के राजनीतिक गलियारों में शोक की लहर दौड़ गई।

डोमनलाल कोर्सेवाड़ा भाजपा के वरिष्ठ और अनुभवी नेताओं में गिने जाते थे। राजनीति में आने से पहले उन्होंने शिक्षा के क्षेत्र में लंबा योगदान दिया। वर्ष 1998 में व्याख्याता पद से सेवानिवृत्त होने के बाद उन्होंने सक्रिय राजनीति का रास्ता चुना। वर्ष 1999 में वे दुर्ग लोकसभा क्षेत्र के तत्कालीन सांसद के निजी सहायक के रूप में भी काम कर चुके थे।

2008 में पहली बार पहुंचे विधानसभा

डोमनलाल कोर्सेवाड़ा ने वर्ष 2008 में भाजपा के टिकट पर पहली बार अहिवारा विधानसभा सीट से जीत दर्ज कर विधानसभा में प्रवेश किया। हालांकि, 2013 और 2018 के चुनाव में भाजपा को इस सीट पर हार का सामना करना पड़ा। वर्ष 2018 में कांग्रेस के गुरु रुद्र कुमार विधायक चुने गए थे।

वर्ष 2023 के विधानसभा चुनाव में भाजपा ने एक बार फिर उन पर भरोसा जताया। कोर्सेवाड़ा ने कांग्रेस प्रत्याशी निर्मल कोसरे को 25,263 मतों के बड़े अंतर से हराकर शानदार जीत हासिल की। उन्हें 96,717 वोट मिले, जबकि कांग्रेस प्रत्याशी को 71,454 मत प्राप्त हुए थे।

मंत्री दर्जे से लेकर प्राधिकरण के उपाध्यक्ष तक संभाली जिम्मेदारी

विधायक के रूप में अपने पहले कार्यकाल में वर्ष 2010 में उन्हें छत्तीसगढ़ विकास प्राधिकरण का अध्यक्ष बनाया गया था। इस पद पर उन्हें कैबिनेट मंत्री का दर्जा प्राप्त था। इसके अलावा उन्होंने विधानसभा की अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति और पिछड़ा वर्ग कल्याण से जुड़ी समितियों में भी महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां निभाईं।

वर्ष 2023 में दूसरी बार विधायक बनने के बाद उन्हें विधानसभा की विभिन्न समितियों में जिम्मेदारी मिली। वे पुस्तकालय समिति के सभापति भी रहे।

उनके राजनीतिक अनुभव और संगठन में योगदान को देखते हुए अक्टूबर 2025 में छत्तीसगढ़ सरकार ने उन्हें अनुसूचित जाति विकास प्राधिकरण का उपाध्यक्ष नियुक्त किया था। नवंबर 2025 में उन्होंने इस पद का कार्यभार संभाला था।

शिक्षा और सार्वजनिक जीवन में रहा योगदान

12 अगस्त 1948 को जन्मे डोमनलाल कोर्सेवाड़ा ने पंडित रविशंकर शुक्ल विश्वविद्यालय, रायपुर से राजनीति शास्त्र में स्नातकोत्तर की पढ़ाई की थी। उन्होंने बीएड की डिग्री भी हासिल की थी।

उनके निधन से भाजपा ने अपना एक अनुभवी जनप्रतिनिधि खो दिया है। वहीं अहिवारा विधानसभा क्षेत्र में उनके समर्थकों और लोगों के बीच शोक का माहौल है।

ये खबर भी पढ़ें —:

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *