आधी रात को थर्राया खाड़ी देश! ईरान के परमाणु ठिकानों की तरफ बढ़े अमेरिकी बॉम्बर, क्या शुरू होने वाला है तीसरा विश्व युद्ध?

दुनिया आज एक ऐसे खतरनाक मोड़ पर आकर खड़ी हो गई है, जहां से लौटने का कोई रास्ता नहीं बचता। पेंटागन के सूत्रों के हवाले से आई एक बेहद सनसनीखेज खबर ने आज पूरी दुनिया के वैश्विक राजनीतिक गलियारों को हिलाकर रख दिया है। खबर है कि अमेरिकी वायुसेना के दो अत्यधिक घातक B-52 स्ट्रैटेजिक बॉम्बर्स ने डिएगो गार्सिया सैन्य बेस से अचानक उड़ान भरी है और वे सीधे फारस की खाड़ी (Persian Gulf) की तरफ बढ़ रहे हैं। खुफिया सैटेलाइट्स ने आज सुबह यह भी दावा किया है कि ईरान के नतान्ज (Natanz) और फोर्डो (Fordow) परमाणु ठिकानों के आसपास एयर डिफेंस सिस्टम को पूरी तरह एक्टिव कर दिया गया है।
यह तीव्र तनाव आज उस वक्त और बढ़ गया जब अंतरराष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी (IAEA) की एक गुप्त रिपोर्ट लीक हो गई। इस रिपोर्ट में दावा किया गया है कि ईरान ने यूरेनियम संवर्धन (Uranium Enrichment) को 90 प्रतिशत तक बढ़ा दिया है—जो कि एक परमाणु बम बनाने के लिए अंतिम और सबसे जरूरी कदम है। वाशिंगटन में आज राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद की आपातकालीन बैठक बुलाई गई, जिसके तुरंत बाद अमेरिकी राष्ट्रपति ने कड़ा बयान जारी करते हुए कहा, “अमेरिका कभी भी ईरान को परमाणु हथियार हासिल नहीं करने देगा, चाहे इसके लिए हमें किसी भी हद तक क्यों न जाना पड़े।”
तेहरान से आज आई प्रतिक्रिया इससे भी ज्यादा आक्रामक थी। ईरान के सर्वोच्च कमांडर ने सीधे शब्दों में चेतावनी दी है कि अगर अमेरिकी सेना ने उनकी सीमा के आसपास एक कदम भी आगे बढ़ाया, तो वे ओर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) को पूरी तरह बंद कर देंगे, जिससे दुनिया भर की तेल सप्लाई ठप हो जाएगी। रक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि दोनों देश इस वक्त बारूद के ढेर पर बैठे हैं। अगर आज किसी भी पक्ष से एक छोटी सी भी तकनीकी गलती हुई, तो यह सीधे एक भयानक पूर्ण-पैमाने के युद्ध (Full-Scale War) में बदल जाएगा।




