फारस की खाड़ी में बारूद का विस्फोट: अमेरिकी हमलों के जवाब में ईरान का फिर हमला, क्रूड तेल $100 के पार

फारस की खाड़ी में बारूद की गंध अचानक इतनी घातक हो चुकी है कि पूरी दुनिया आर्थिक तबाही के मुहाने पर आकर खड़ी हो गई है। अमेरिकी सेंट्रल कमान (CENTCOM) द्वारा पिछले 48 घंटों में ईरान के पांच कच्चे तेल के टैंकरों को मिसाइलों से उड़ा दिए जाने के बाद, 9 सितंबर की तड़के सुबह ईरान की रिवोल्यूशनरी गार्ड्स (IRGC) ने पलटवार करते हुए अमेरिकी सैन्य ठिकानों और अमेरिकी जहाजों पर ताबड़तोड़ हमले झोंक दिए हैं।
दोनों महाशक्तियों के बीच सीधा युद्ध अब अनियंत्रित मोड़ ले चुका है। अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने साफ धमकी दी थी कि अमेरिकी जहाजों पर निशाना साधने की हर कोशिश का जवाब ईरानी टैंकरों को समुद्र में डुबोकर दिया जाएगा। ईरान ने इसके पलटवार में कुवैत और बहरीन के बंदरगाहों पर खड़े तेल जहाजों को तुरंत खाली करने का अल्टीमेटम थमा दिया है और होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) को पूरी तरह ठप करने की कगार पर ला खड़ा किया है।
इस महायुद्ध का सीधी चोट अंतरराष्ट्रीय अर्थव्यवस्था पर पड़ी है। ब्रेंट क्रूड ऑयल का भाव आज सुबह अचानक उछलकर $99.68 प्रति बैरल को पार कर गया है, जो बेहद जल्द $100 के आंकड़े को तोड़ने वाला है। यदि होर्मुज का यह समुद्री रास्ता पूरी तरह सील हो गया, तो दुनिया भर में पेट्रोल-डीजल के दाम आसमान छूएंगे और महा-महंगाई का नया दौर शुरू होना तय है।




